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गैंगस्टर गीता भेजी गई देवरिया जेल, हत्यारी सुमन को भी किया गया शिफ्ट, ये है बड़ी वजह

2020-12-07
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उत्तर प्रदेश के गोरखपुर मंडलीय कारागार में बंद जिले की पहली महिला गैंगस्टर गीता तिवारी को देवरिया और जेठ की हत्या के आरोप में बंद सुमन यादव को महराजगंज जेल भेजा गया है। दोनों पर महिला बैरक में गुटबाजी करने और सही आचरण नहीं करने का आरोप लगा था। इसके बाद जेल प्रशासन ने इन्हें दूसरी जेल शिफ्ट करने की शासन से अनुमति मांगी थी। अनुमति मिलने के बाद दोनों को देवरिया व महराजगंज भेज दिया गया।

जानकारी के अनुसार, तिवारीपुर के सूर्य विहार कॉलोनी निवासी गीता तिवारी पर हत्या के प्रयास, लूट और गैंगस्टर सहित कई मामले दर्ज हैं। गीता जिले की पहली महिला गैंगस्टर है। गीता की नातिन के जन्मदिन की पार्टी में दो युवकों को गोली मारी गई थी। इसी मामले में पुलिस ने उसे एक माह पहले गिरफ्तार किया था।

गीता पर वर्ष 2019 में कोतवाली, गोरखनाथ और तिवारीपुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। गैंगस्टर के तहत हुई कार्रवाई में गीता को जेल भेजा गया था। जमानत मिलने पर उसके खिलाफ एनबीडब्ल्यू जारी हुआ था। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा था। सुमन ने सुपारी देकर दिव्यांग जेठ का अपहरण व हत्या कराई थी I

20 अक्तूबर को जमानत पर बाहर आने के बाद एक नवंबर की रात गीता ने जन्मदिन की पार्टी आयोजित की। आरोप है कि इस दौरान उसके साथ कई अपराधी मौजूद थे। किसी बात पर पार्टी में विवाद हो गया, तो गीता ने अपने साथियों के साथ मिलकर नितिश व मोहम्मद आमिर को गोली मारकर घायल कर दिया था। इसके बाद पुलिस ने दो नवंबर को गीता व उसके साथी जस्सू को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

खोराबार के जंगल चंवरी के अयोध्या टोला की रहने वाली सुमन यादव ने नवंबर 2019 में अपने दिव्यांग जेठ उमेश यादव का अपहरण कराया था और उसकी हत्या करवाकर शव को देवरिया के कोतवाली इलाके में फेंक दिया था। पुलिस ने सुमन के पति अशोक की तहरीर पर केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था।

पुलिस ने 9 नवंबर 2019 को पर्दाफाश करते हुए बताया था कि जेठ अविवाहित था। उसकी हिस्से की जमीन लेने के लिए सुमन ने हत्या कराई थी। घटना से पंद्रह दिन पहले वह झंगहा के रसूलपुर स्थित मायके गई थी। वहां वह शातिर बदमाश व गैंगस्टर प्रदीप यादव को सुपारी दी थी। इसके बाद प्रदीप व उसके साथियों ने दिव्यांग उमेश का सरेशाम अपहरण कर लिया था। गाड़ी में ही गला दबाकर हत्या की और शव को देवरिया में फेंक दिया था। पुलिस ने सुमन, चौरीचौरा के चकदेहईया निवासी लालू यादव उर्फ मेंटल, आदित्यनाथ को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बाद में पुलिस ने प्रदीप यादव को भी गिरफ्तार किया था।

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